सरकार जब कमजोर पड़ती है तो सीएम योगी कम्युनल हो जाते हैं., सीएम योगी कमायत की बात ना करें
सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने सीएम योगी आदित्यनाथ के कयामत वाले बयान पर बड़ा पलटवार किया है. उन्होंने कहा है कि सरकार जब कमजोर पड़ती है तो सीएम योगी कम्युनल हो जाते हैं. सीएम योगी कमायत की बात ना करें. सीएम योगी उर्दू भाषा ना बोलें. सपा चीफ ने आगे कहा कि जो मुख्यमंत्री उर्दू के खिलाफ था, वो कयामत की बात कर रहा है. वो कयामत के अलावा कोई दूसरा शब्द इस्तेमाल करें, जब मुख्यमंत्री घिर जाते हैं, बीजेपी कमजोर हो जाती है तब वो कम्युनल हो जाते हैं.
योगी सरकार पर हमला बोलते हुए अखिलेश ने कहा कि इनके अधिकारी ने नोएडा के सबसे बड़े माफिया को जेल से भगा दिया. इस सरकार ने भ्रष्टाचार की सभी सीमाएं तोड़ दी. जातिवादी व्यवस्था अभी सबसे ज्यादा उत्तर प्रदेश में है. इनका विधायक इनके मंत्री का अपहरण कर लेता है. अखिलेश ने कहा कि जिस मंत्री को ये नहीं पता कि बिजली बनाई कैसे जाती है? हमारे मुख्यमंत्री कमाल के हैं. प्रदेश में 10 साल में एक भी बिजली का कारखाना लगा हो तो बता दीजिए.
अखिलेश ने बाराबंकी में दिए गए सीएम योगी के उस बयान पर पलटवार किया है, जिसमें उन्होंने ये कहा था कि बाबरी ढांचे का पुननिर्माण कभी नहीं होगा. हिंदुस्तान में रहने वालों को कायदे में रहना होगा. कानून तोड़ने वाले जहन्नुम जाएंगे. योगी ने कहा कि जो कयामत के दिन आने का सपना देख रहे हैं. ऐसे ही सड़ गल जाएंगे, वह दिन कभी आने वाला नहीं है. कयामत तक बाबरी नहीं बन पाएगी. उन्होंने कहा कि कुछ लोग संकट के समय ही भगवान राम को याद करते हैं और बाद में भूल जाते हैं, इसलिए भगवान राम भी अब उन्हें भूल चुके हैं.
सीएम योगी ने कहा कि हमारे आने से पहले यूपी की स्थिति बेहद खराब थी. गरीबों की जमीनों पर कब्जा होता था और अराजकता चरम पर थी. उन्होंने कहा कि आज प्रदेश से अराजकता समाप्त हो चुकी है और विकास की नई गति दिखाई दे रही है. बेटियां और व्यापारी सुरक्षित हैं. प्रदेश में अपराध और अपराधियों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर सरकार काम कर रही है.