डिंपल यादव के जन्मदिन पर अयोध्या में सेवा का आयोजन, सैकड़ों जरूरतमंदों को बांटे गए कंबल
अयोध्या।
उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री व समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव की पत्नी एवं मैनपुरी की सांसद डिंपल यादव का गुरुवार को 48वां जन्मदिन श्रद्धा और सेवा भाव के साथ मनाया गया। इस अवसर पर रामनगरी स्थित सिद्धपीठ श्री करतलिया बाबा आश्रम में विशाल कंबल वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें सैकड़ों गरीब, असहाय और दीन-दुखियों को कंबल वितरित किए गए।
कार्यक्रम के दौरान संतों का भव्य भंडारा आयोजित हुआ, जहां साधु-संतों ने डिंपल यादव के दीर्घायु होने की कामना करते हुए आशीर्वाद प्रदान किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता समाजवादी पार्टी से जुड़े करतलिया बाबा आश्रम के युवा महंत बालयोगी रामदास ने की, जबकि मुख्य अतिथि के रूप में पूर्व मंत्री तेज नारायण पाण्डेय ‘पवन’ मौजूद रहे।
इस अवसर पर महंत बालयोगी रामदास ने कहा कि समाज का दायित्व है कि वह गरीबों, असहायों और जरूरतमंदों की सेवा करे। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी सभी धर्मों का सम्मान करती है और उसके नेता अखिलेश यादव किसानों व नौजवानों के हित में दिन-रात चिंतन करते हैं। उन्होंने दावा किया कि साधु-संतों का सम्मान हमेशा समाजवादी पार्टी ने किया है, जबकि वर्तमान भाजपा सरकार समाज को आपस में बांटने का काम कर रही है।
महंत रामदास ने कहा कि डिंपल यादव ने हर परिस्थिति में अखिलेश यादव के साथ खड़े रहकर समाजवादी पार्टी को मजबूती दी है। उन्होंने डिंपल यादव को देश-प्रदेश की महिलाओं के लिए प्रेरणास्रोत बताते हुए कहा कि बिना शोर-शराबे के महिलाओं के मुद्दों को राजनीति के केंद्र में लाने की कला उनसे सीखी जा सकती है।
उन्होंने बताया कि पिछली सपा सरकार में वीमेन हेल्पलाइन डायल-100, एसिड अटैक सर्वाइवर्स को सहायता राशि, विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली बेटियों को रानी लक्ष्मीबाई पुरस्कार जैसी योजनाओं के पीछे डिंपल यादव की अहम भूमिका रही है। कंबल वितरण कार्यक्रम पूरे एक सप्ताह तक चलने की जानकारी भी दी गई।
कार्यक्रम के अंत में महंत बालयोगी रामदास महाराज ने सभी अतिथियों का स्वागत एवं आभार व्यक्त किया। इस मौके पर महंत दिलीप दास त्यागी, महंत रमेश दास (हनुमानगढ़ी), महंत कन्हैया दास, महंत रामाज्ञा दास, महंत विनोद दास, महंत आनंद दास, शिक्षक नेता राम बक्श यादव, हरिहर यादव, रवि यादव, अखिलेश पाण्डेय, राम सजीवन सहित बड़ी संख्या में संत-साधक और गणमान्य लोग उपस्थित रहे।