गुजरात के जामनगर में सरकार ने बड़ा एक्शन लिया है। पिरोटन द्वीप पर लगभग 4000 वर्ग फीट में फैले अवैध अतिक्रमण पर अधिकारियों ने बुलडोजर कार्रवाई की है।
राष्ट्रीय सुरक्षा को था खतरा
गुजरात के गृहमंत्री हर्ष सांघवी ने कहा कि यह कदम राष्ट्रीय सुरक्षा और क्षेत्र के समुद्री पारिस्थितिकी तंत्र की रक्षा के लिए उठाया गया था। पिरोटन द्वीप पांच एसपीएम (सिंगल पॉइंट मूरिंग) के पास स्थित है, जो देश के 60 फीसद कच्चे तेल की आपूर्ति करते हैं।
मरीन नेशनल पार्क का भी हिस्सा है ये द्वीप
यह द्वीप मरीन नेशनल पार्क का भी हिस्सा है और अवैध अतिक्रमणों से समुद्री जीवन, विशेष रूप से प्रवाल भित्तियों को काफी नुकसान हो रहा था। अतिक्रमणों के कारण लोगों की बढ़ती अवैध आवाजाही ने राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए गंभीर चिंताएँ पैदा कर दी थीं।
ड्रग्स का अड्डा बन सकता था द्वीप
बता दें कि यह स्थल एनडीपीएस (नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंस) से संबंधित गतिविधियों के लिए लैंडिंग पॉइंट बनने का जोखिम रखता था। अतिक्रमण और अवैध गतिविधियों ने प्रमुख उद्योगों और रक्षा प्रतिष्ठानों के लिए भी गंभीर जोखिम पैदा किया।