चंदौली: खुद के अपहरण की झूठी सूचना देकर पुलिस को हलकान करने वाला अभियुक्त गिरफ्तार, शेयर मार्केट में पैसा डूबने और पिता के डर से शिक्षक ने फैलाई थी अपहरण की झूठी खबर...
ओ पी श्रीवास्तव,चंदौली
चंदौली/मुगलसराय :खबर जनपद चंदौली से है जहां मुगलसराय कोतवाली पुलिस टीम में उस समय हड़कंप मच गया जब एक महिला द्वारा डायल 112 नंबर पर फोन कर यह सूचना पुलिस को दी गई कि उसके भाई का अपहरण हो गया है और व्हाट्सएप के माध्यम से फिरौती की रकम मांगी गई है। आनन - फानन में कोतवाली पुलिस टीम और स्वाट टीम मामले की गंभीरता को देखते हुए महिला के घर पहुंच गई। हालांकि पूछताछ और तफ्तीश के बाद मामला अपहरण की बजाय अपहृत की साजिश का निकला। पेशे से शिक्षक युवक ने खुद के अपहरण की झूठी कहानी गढ़ी थी। मामले की पुष्टि होने के बाद झूठे अपहरण की सूचना देकर पुलिस को हलकान करने वाले युवक के खिलाफ स्थानीय थाना में मामला दर्ज कर जेल भेज दिया गया।
घटनाक्रम ...
दिनांक 11 जनवरी 2025 को डायल 112 पर सूचना प्राप्त हुई कि शिवम कुमार जायसवाल पुत्र सियाराम जायसवाल निवासी रविनगर मुगलसराय का कल दिनांक 10 जनवरी 2025 की शाम 06 बजे ब्रिलियंट पब्लिक स्कूल धर्मशाला रोड से गायब हैं। कोई व्यक्ति व्हाट्सएप चैटिंग के माध्यम से शिवम की बहन दीक्षा जायसवाल से 2.50 लाख रुपए की मांग कर रहा है। जिसे घर वालों ने कल रात में ही दे दिया, लेकिन शिवम घर वापस नहीं आया।
अपहरण और फिरौती की सूचना मिलते ही एसपी चंदौली आदित्य लांगहे के निर्देशन में मुगलसराय कोतवाली पुलिस और स्वाट टीम तत्काल एक्शन मोड में आ गई और सूचना देने वाली युवती के घर जा पहुंची। पूछताछ और जांच - पड़ताल के पश्चात उपरोक्त अपहरण की सूचना फर्जी निकली । फर्जी कहानी गढ़ने तथा पुलिस को फर्जी सूचना देकर हलकान करने के जुर्म में पुलिस ने युवक को गिरफ्तार कर मामला दर्ज किया और विधिक कार्रवाई में जुट गई।
पुलिस की पड़ताल
अपहरण और फिरौती की सूचना मिलते ही तत्काल एक्शन मोड में आई पुलिस ने जब घटना की जांच आरंभ की तो युवक शिवम कुमार जायसवाल की लोकेशन भभुआ मिली। तत्काल भभुआ पुलिस को सूचित कर एक टीम लोकेशन के आधार पर भभुआ पहुंच गई। सूचना मिलते ही एडिशनल एसपी विनय कुमार सिंह भी युवक के घर पहुंच गए। दोपहर तक पुलिस टीम ने भभुआ स्थित एक होटल से युवक को बरामद कर लिया। जांच के दौरान युवक के बरामदगी स्थल से कहानी कुछ और निकली। युवक शिवम कुमार जायसवाल से कड़ी पूछताछ के बाद अपहरण की घटना फर्जी निकली। शिवम ने पुलिस को बताया कि वह बाइक लेकर कोचिंग पढ़ाने के लिए घर से निकला और बाइक लेकर वाराणसी चला आया। बाइक एक माल में पार्क कर कैंट रेलवे स्टेशन पहुंचा और ट्रेन के माध्यम से भभुआ आ गया। यहां एक होटल में कमरा बुक किया और रात में अपनी बहन दीक्षा के मोबाइल पर खुद की पिक भेजकर अपहरण की बात बताई। युवक ने बहन को बताया कि उसे बदमाशों ने किडनैप कर लिया है और ढाई लाख रुपए की मांग कर रहें हैं। भाई के मोह और उसे बचाने के लिए रात में करीब एक बजे बहन ने युवक के खाते में ढाई लाख रुपए भेज दिए। लेकिन भाई के घर नहीं आने के बाद सुबह बहन ने डायल 112 को फोन कर पुलिस से मदद की गुहार लगाई, जिसके बाद पूरे मामले का खुलासा हुआ।
पुलिस की पड़ताल में यह तथ्य सामने आया कि युवक शिवम द्वारा अपने पिता द्वारा दिए गए 07 लाख 60 हजार रुपए शेयर मार्केट में इंट्रा डे में पैसा डूब जाने और क्रेडिट कार्ड का बकाया भुगतान करने में खर्च दिया गया। पैसा का हिसाब घरवालों को ना देना पड़े और पिता के डर की वजह से युवक ने खुद के अपहरण की योजना बनाई और फर्जी कहानी गढ़कर बदमाशों द्वारा अपने अपहरण की झूठी खबर फैलाई। जांच और पूछताछ के पश्चात पुलिस ने युवक शिवम को हिरासत में लेकर थाना ले आई और मामला दर्ज कर विधिक कार्रवाई में जुट गई।