स्वदेशी जागरण मंच की अखिल भारतीय प्रचार आयाम की दो दिवसीय कार्यशाला प्रारंभ
नई दिल्ली में स्वदेशी जागरण मंच की अखिल भारतीय प्रचार आयाम की दो दिवसीय कार्यशाला 30 नवंबर से शुरू हो गई है। इस कार्यशाला का उद्देश्य स्वदेशी विचारधारा के प्रचार-प्रसार को मजबूत करना और देश की आर्थिक, सामाजिक, और सांस्कृतिक आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देना है।
इस दौरान विभिन्न सत्रों में वक्ता स्वदेशी आंदोलन, आत्मनिर्भर भारत अभियान, और आधुनिक भारत के निर्माण में स्वदेशी सोच की भूमिका पर चर्चा करेंगे। इसमें प्रमुख विचारक, नीति-निर्माता और मंच से जुड़े कार्यकर्ता भाग ले रहे हैं। कार्यशाला का समापन 1 दिसंबर को होगा।
नई दिल्ली, स्वदेशी जागरण मंच की अखिल भारतीय प्रचार आयाम की दो दिवसीय कार्यशाला आज 30 नवंबर को शुरू हुआ। कार्यक्रम में देशभर से 45 कार्यकर्ता प्रत्यक्ष व 15 कार्यकर्ता तरंग माध्यम से उपस्थित रहें। उद्घाटन सत्र में मुख्य व्यक्ता सतीश कुमार रहें जिन्होंने आजकल प्रचार का अर्थ सोशल मीडिया को मान लेने वाली सोच को गलत बताते हुए प्रचार के अन्य आयाम इलेक्ट्रॉनिक मीडिया, प्रिंट मीडिया व आर्गेनाईजेशन मीडिया पर भी कार्य करना है, हमेशा अध्ययन शील रहना है, प्रचार विभाग अपनी बात को कितनी रोचक तरीके से सामने रख पाते हैं। साहित्य का अवलोकन करते रहे और अपनी अपनी सक्रियता बढ़ाने पर जोर दिया।
आज के कार्यक्रम में निम्न वक्ता का उपबोधन रहा, सतीश कुमार जी, सह- संगठक, स्वदेशी जागरण मंच
विषयः “Social media in general”
वक्ता: Prof. K.G. Suresh ji
विषय: Social media content creation
वक्ता: Prof. K.G. Suresh ji
विषय: “Developing and Countering Narratives (Harnessing the Power of AI)
वक्ता: Abhinav Khare ji
विषयः Bharat’s Growth Story
वक्ता: प्रो. अश्वनी महाजन जी, National Co-Convenor, SJM
अध्यक्षीय भाषण में के. जी. सुरेश जी ने कहाँ की सोशल मीडिया हमारा उपयोग न करें, हमें उसका उपयोग करके अपने विचारों को जन जन तक पहुँचाने की सोच होनी चाहिएं। कार्य क्रम संचालन वर्ग प्रमुखः डॉ फूल चंद जी , वर्ग सह प्रमुख डॉ आलोक सिंह , एवम् अखिल भारतीय प्रचार प्रमुख धर्मेंद्र दुबे जी रहे।
डा धर्मेन्द्र दुबे
अखिल भारतीय प्रचार प्रमुख
स्वदेशी जागरण मंच।