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राज्यसभा चुनाव 2026: कांग्रेस ने जारी की उम्मीदवारों की सूची, 16 मार्च को होगा मतदान

राज्यसभा चुनाव 2026: कांग्रेस ने जारी की उम्मीदवारों की सूची, 16 मार्च को होगा मतदान
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रिपोर्ट : विजय तिवारी

नई दिल्ली।

देश में आगामी राज्यसभा चुनाव 2026 को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। इसी क्रम में अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) ने गुरुवार को राज्यसभा की द्विवार्षिक चुनाव प्रक्रिया के लिए अपने उम्मीदवारों की सूची जारी कर दी। पार्टी ने विभिन्न राज्यों से कुल छह उम्मीदवारों को मैदान में उतारने का फैसला किया है।

निर्वाचन आयोग द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार इस बार देश के 10 राज्यों की 37 सीटों पर राज्यसभा चुनाव कराए जाएंगे। इन सीटों के लिए मतदान 16 मार्च 2026 को कराया जाएगा और उसी दिन शाम को मतों की गिनती के बाद परिणाम घोषित किए जाएंगे।

राज्यसभा : संसद का स्थायी सदन

राज्यसभा भारतीय संसद का उच्च सदन है और इसे स्थायी सदन माना जाता है। लोकसभा की तरह इसे भंग नहीं किया जा सकता। संविधान के अनुच्छेद 80 के अनुसार राज्यसभा की अधिकतम सदस्य संख्या 250 निर्धारित की गई है।

इनमें से

238 सदस्य राज्यों और कुछ केंद्र शासित प्रदेशों का प्रतिनिधित्व करते हुए चुने जाते हैं।

जबकि 12 सदस्यों को राष्ट्रपति द्वारा नामित किया जाता है, जो कला, साहित्य, विज्ञान, समाज सेवा जैसे क्षेत्रों में विशेष अनुभव या योगदान रखते हैं।

वर्तमान में राज्यसभा में कुल 245 सदस्य हैं। राज्यसभा के प्रत्येक सदस्य का कार्यकाल 6 वर्ष का होता है और हर दो वर्ष में लगभग एक-तिहाई सदस्य सेवानिवृत्त होते हैं। इसी व्यवस्था के तहत नियमित अंतराल पर चुनाव आयोजित किए जाते हैं।

राज्यसभा के सदस्य कैसे चुने जाते हैं

राज्यसभा के चुनाव प्रत्यक्ष मतदान से नहीं बल्कि विधानसभाओं के निर्वाचित विधायकों (MLAs) के माध्यम से होते हैं।

संबंधित राज्य की विधानसभा के सदस्य मतदान करते हैं।

दिल्ली, पुडुचेरी और जम्मू-कश्मीर जैसे केंद्र शासित प्रदेशों में भी उनके विधानमंडल के सदस्य चुनाव प्रक्रिया में भाग लेते हैं।

इस प्रकार राज्यसभा को राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों का प्रतिनिधित्व करने वाला सदन माना जाता है

मतदान की विशेष प्रणाली -

राज्यसभा चुनाव में प्रोपोर्शनल रिप्रेजेंटेशन सिस्टम के तहत सिंगल ट्रांसफरेबल वोट (STV) पद्धति अपनाई जाती है।

इस प्रणाली में विधायक केवल एक उम्मीदवार को वोट नहीं देते, बल्कि बैलेट पेपर पर मौजूद उम्मीदवारों को प्राथमिकता क्रम में अंकित करते हैं। यानी वे पहली पसंद, दूसरी पसंद और उसके बाद की पसंद तय करते हैं।

किसी उम्मीदवार को जीतने के लिए केवल सबसे अधिक वोट प्राप्त करना पर्याप्त नहीं होता, बल्कि उसे निर्धारित कोटा हासिल करना होता है। यह कोटा कुल मतों और उपलब्ध सीटों की संख्या के आधार पर तय किया जाता है।

मतगणना की प्रक्रिया -

राज्यसभा चुनाव में मतगणना कई चरणों में की जाती है।

पहला चरण :

सबसे पहले सभी उम्मीदवारों के पहली पसंद वाले वोट गिने जाते हैं। यदि कोई उम्मीदवार निर्धारित कोटा तक पहुंच जाता है, तो उसे विजयी घोषित कर दिया जाता है।

अतिरिक्त वोटों का हस्तांतरण :

यदि किसी उम्मीदवार को कोटा से अधिक वोट मिलते हैं, तो अतिरिक्त वोटों को मतपत्र में दर्ज दूसरी पसंद के आधार पर अन्य उम्मीदवारों को स्थानांतरित कर दिया जाता है।

उम्मीदवार का बाहर होना:

यदि सीटें अभी भी खाली हों और कोई उम्मीदवार कोटा हासिल न कर पाए, तो सबसे कम वोट पाने वाले उम्मीदवार को बाहर कर दिया जाता है और उसके वोट अन्य उम्मीदवारों में बांट दिए जाते हैं।

ओपन बैलेट प्रणाली लागू

राज्यसभा चुनाव में ओपन बैलेट सिस्टम लागू होता है। इसके तहत किसी राजनीतिक दल से जुड़े विधायक को मतदान से पहले अपना बैलेट पार्टी के अधिकृत एजेंट को दिखाना होता है।

यदि विधायक ऐसा नहीं करता या किसी अन्य व्यक्ति को बैलेट दिखा देता है तो उसका वोट अमान्य माना जा सकता है। हालांकि निर्दलीय विधायक इस नियम से अलग होते हैं और वे अपना वोट गोपनीय रख सकते हैं।

किन राज्यों की सीटों पर चुनाव -

इस बार जिन राज्यों की सीटें खाली हो रही हैं, उनमें शामिल हैं :

महाराष्ट्र – 7 सीटें

तमिलनाडु – 6 सीटें

पश्चिम बंगाल – 5 सीटें

बिहार – 5 सीटें

ओडिशा – 4 सीटें

असम – 3 सीटें

तेलंगाना – 2 सीटें

छत्तीसगढ़ – 2 सीटें

हरियाणा – 2 सीटें

हिमाचल प्रदेश – 1 सीट

इन सीटों का कार्यकाल 2 अप्रैल और 9 अप्रैल 2026 को समाप्त होने जा रहा है। चुनाव के लिए निर्वाचन आयोग ने 26 फरवरी 2026 को अधिसूचना जारी की थी।

मतदान और परिणाम की तिथि

निर्वाचन आयोग के कार्यक्रम के अनुसार:

मतदान : 16 मार्च 2026, सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक

मतगणना : उसी दिन शाम 5 बजे से

परिणाम : मतगणना पूरी होने के बाद उसी दिन घोषित किए जाएंगे।

राज्यसभा चुनाव को लेकर विभिन्न राजनीतिक दलों ने अपने-अपने स्तर पर रणनीति बनानी शुरू कर दी है और आने वाले दिनों में अन्य दलों द्वारा भी उम्मीदवारों की सूची जारी किए जाने की संभावना है।

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