यूपी बजट पर शिवपाल सिंह यादव का हमला, बोले– ‘कागजी बजट से जनता को फिर सपनों का अमृत पिलाया गया’

लखनऊ। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा पेश किए गए बजट को लेकर राजनीतिक प्रतिक्रियाओं का दौर जारी है। समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता शिवपाल सिंह यादव ने बजट पर तीखी टिप्पणी करते हुए इसे “कागजी बजट” करार दिया है।
शिवपाल सिंह यादव ने सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए कहा कि प्रदेश की जनता को एक बार फिर “सपनों का अमृत” पिलाया गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि विकास केवल विज्ञापनों में दिखाई दे रहा है, जबकि जमीनी हकीकत अलग है। उन्होंने सड़कों की बदहाल स्थिति, बेरोजगारी और बढ़ती महंगाई जैसे मुद्दों को उठाते हुए सरकार पर सवाल खड़े किए।
उन्होंने कहा कि बेरोजगार युवाओं की डिग्रियां अलमारी में पड़ी हैं और सरकारी डेटा फाइलों में ही मुस्कुरा रहा है। उनके अनुसार बजट में आंकड़ों की भरमार है, लेकिन गरीबों की थाली में अब भी “हाहाकार” है।
शिवपाल ने यह भी आरोप लगाया कि महंगाई लगातार बढ़ रही है और आम जनता पर आर्थिक बोझ बढ़ता जा रहा है, जबकि सरकार “सब चंगा” होने का दावा कर रही है। उन्होंने बजट को वास्तविक समस्याओं से दूर बताते हुए कहा कि यह विकास से ज्यादा “इवेंट की तैयारी” जैसा प्रतीत होता है।
गौरतलब है कि राज्य सरकार ने बजट को विकासोन्मुखी बताते हुए कृषि, इंफ्रास्ट्रक्चर, रोजगार और कल्याणकारी योजनाओं पर विशेष जोर देने का दावा किया है। हालांकि विपक्ष लगातार बजट की उपयोगिता और जमीनी प्रभाव को लेकर सवाल उठा रहा है।
अब देखना होगा कि बजट के प्रावधानों का आम जनता पर कितना असर पड़ता है और राजनीतिक बयानबाजी का यह दौर आगे क्या रूप लेता है।




