ढाई साल बाद जेल से बाहर आया मोनू मानेसर, हाईकोर्ट से मिली जमानत, नासिर-जुनेद हत्याकांड में था बंद

हरियाणा के भिवानी में भरतपुर जिले के पहाड़ी थाना क्षेत्र के घाटमीका गांव के रहने वाले नासिर-जुनेद की 15 फरवरी 2023 की गई हत्या के मामले में जेल मे बंद गौरक्षक मोनू मानेसर शनिवार (7 मार्च) को बाहर आ गया है.
राजस्थान हाईकोर्ट से जमानत मिलने के ढाई वर्ष बाद भरतपुर की सेंट्रल जेल सेवर से जमानत पर जेल से बाहर आया. भारी पुलिस सुरक्षा में मोनू को मानेसर ले जाया गया. गौरक्षक मोनू मानेसर उर्फ़ मोहित यादव सितम्बर 2023 को गिरफ्तार किया गया था.
मेवात इलाके में दर्ज हुई एफआईआर
गिरफ़्तारी के बाद मोनू मानेसर को भरतपुर शहर के मथुरा गेट पुलिस स्टेशन में रखा गया था जबकि उसके और चार अन्य लोगों के खिलाफ डीग जिले के मेवात इलाके के गोपालगढ़ पुलिस स्टेशन में पुलिस शिकायत दर्ज की गई थी . जानकारी के अनुसार पुलिस की गिरफ्तारी के डर से मोनू मानेसर थाईलैंड चला गया था. जुनेद और नासिर मर्डर के करीब 212 दिन बाद, मोनू मानेसर को राजस्थान पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया था जबकि तीन आरोपी पहले ही गिरफ्तार हो चुके थे.
जिंदा जलाने की दी थी शिकायत
नासिर और जुनैद के परिवार के सदस्य खालिद ने 16 फरवरी को डीग जिले के गोपालगढ़ थाने में मोनू मानेसर के साथ पांच लोगों के खिलाफ शिकायतकर्ता खालिद के परिवार के दो सदस्यों को जिंदा जलाने की शिकायत दर्ज कराई गई थी. भरतपुर पुलिस ने 6 मार्च 2023 को दोनों लोगों की हत्या में कथित तौर पर शामिल आठ आरोपियों में से हर एक पर 5000 रुपये का इनाम घोषित किया था . भरतपुर पुलिस ने 22 फरवरी को उनकी तस्वीरें जारी कीं थी.
यह आरोपी हैं मामले में शामिल
आठ आरोपियों में नूह के अनिल और श्रीकांत, कैथल के कालू, करनाल के किशोर, भिवानी के मोनू, जींद के विकास, करनाल के शशिकांत, और भिवानी के गोगी शामिल थे जबकि 14 अप्रैल 2023 को, गिरफ्तार किया था. मोनू उर्फ गोगी और नरेंद्र उर्फ मोनू राणा को 6 मई 2023 को देहरादून से गिरफ्तार किया गया था. वे हरियाणा के भिवानी इलाके के रहने वाले थे.
हत्याकांड मामले में FSL रिपोर्ट ने कन्फर्म किया है कि जींद में एक गाय के बाड़े से मिली SUV में मिले जले हुए शव और खून के धब्बे जुनैद और नासिर के थे. जुनैद और नासिर जो चचेरे भाई थे उनकी जले हुए शव 16 फरवरी 2023 को हरियाणा के भिवानी जिले में एक गाड़ी के अंदर मिले थे.
दोनों शवों को जलाया दिया था
जुनैद की मौत फिरोजपुर झिरका में हुई थी जबकि आरोपियों ने भिवानी में नासिर का गला घोंट कर हत्या की थी. 15-16 फरवरी 2023 की रात में दोनों शवों को एसयूवी गाड़ी में रखकर जला दिया था.
मोनू मानेसर के अधिवक्ता नविन कुमार जांगिड़ ने बताया कि भरतपुर का एक मामला था जो काफी सुर्ख़ियों में रहा उसमे मोनू मानेसर को आज ढाई वर्ष बाद राजस्थान हाई कोर्ट से जमानत मिली है. जमानत के बाद मोनू मानेसर को पुलिस की कड़ी सुरक्षा के बीच जेल से बॉर्डर तक छोड़ा गया उसके बाद हरियाणा पुलिस की सुरक्षा में ले जाया गया.




